Hello दोस्तों! आज हम इस पोस्ट में What is IPv6 Header in Hindi (IPv6 हैडर क्या है?) के बारें में पढेंगे. इसे आप पूरा पढ़िए, आपको यह आसानी से समझ में आ जायेगा. तो चलिए शुरू करते हैं:-
IPv6 Header in Hindi
IPv6 इन्टरनेट प्रोटोकॉल का सबसे नया version है. यह IPv4 से कई ज्यादा बेहतर है. यह भविष्य में IPv4 की जगह कार्य करेगा. इस समय यह IPv4 के साथ मिलकर कार्य करता है.
इसका example – 2001:0db8:85a3:0000:0000:8a2e:0370:7334.
IPv6 address को देख कर यदि आप सोच रहे है की IPv6 header बहुत ही बड़ा और complicated (जटिल) होगा तो ऐसा बिलकुल भी नहीं है। IPv6 के designers ने IPv6 header को इस तरह design किया है ताकि इसमें कम से कम field हो जो कि ज्यादा से ज्यादा tasks (कार्यों) को perform करे।
IPv6 header में 8 fields होते है। इसकी size 40 bytes होती है। IPv6 header का diagram (चित्र) नीचे दिया जा रहा है।

यह header बहुत ही simple है जिसे आप आसानी से समझ सकते है। आइये अब अलग-अलग IPV6 header fields के बारे में detail से जानने का प्रयास करते है।
Version
इस field की value 6 होती है। यह फील्ड internet protocol के version को define करता है। इस field की size 4 bits होती है।
Traffic Class
Traffic class फील्ड IPv6 packet की class को represent (प्रस्तुत) करता है। इसकी size 8 bit होती है। यह फील्ड IPV4 header के Service फील्ड जैसा ही होता है। यह routers को packet की priority (वरीयता) के आधार पर handle करने में मदद करता है. जब भी router पर congestion होता है तो सबसे कम priority वाले packets को discard (निरस्त) कर दिया जाता है.
Flow Label
इस field की size 20 bits होती है। यह फील्ड packet और traffic flow को mark करने के लिए इस्तेमाल किया जाता है। यह field बताता है कि packets किस sequence में source से destination तक flow करेंगे।
Payload length
इस field का size 16 bit होता है। इस field का इस्तेमाल routers को यह बताने के लिए किया जाता है कि एक packet अपने payload में कितनी information को स्टोर कर सकता है.
Next Header
यह field बताता है कि अगला header कौन-सा होगा। यह extension header के type के बारें में बताता है. इसका साइज़ 8 bits होता है. Ipv4 में ये feature उपलब्ध नहीं होता है।
Hop limit
यह फील्ड IPv4 के TTL की तरह होता है. यह फील्ड बताता है कि destroy होने से पहले अधिकतम कितने hops (routers) IPv6 packets traverse करेंगे।
Source Address
इस field में source host के 128 bit IPv6 address को define किया जाता है.
Destination Address
इस field में destination host के 128 bit IPv6 address को store किया जाता है।
इसे पढ़ें:-
Reference:- https://www.tutorialspoint.com/ipv6/ipv6_headers.htm
Summary (सारांश)
IPv6 Header in Hindi के इस विस्तृत guide में इंटरनेट प्रोटोकॉल के सबसे नए version और इसके structure को बहुत ही सरल भाषा में समझाया गया है। जैसा कि हम जानते हैं कि IPv4 की सीमाएं खत्म होने के बाद IPv6 का उपयोग तेजी से बढ़ रहा है, इसलिए कंप्यूटर साइंस और नेटवर्किंग के छात्रों के लिए इसके header को समझना बहुत जरूरी है। इस article/PDF में आपको निम्नलिखित महत्वपूर्ण जानकारियां मिलेंगी:
- IPv6 header का बुनियादी परिचय और इसकी कुल size (40 bytes)
- कुल 8 fields और उनके कार्यों की विस्तार से जानकारी
- Version, Traffic Class और Flow Label जैसे महत्वपूर्ण fields की working
- IPv4 और IPv6 header की तुलना
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