What is Prototype model in hindi?

Prototype model in hindi:-

prototype model (प्रोटोटाइप मॉडल) एक ऐसी activity है जिसमें सॉफ्टवेयर एप्लीकेशन के prototypes का निर्माण किया जाता है। सबसे पहले प्रोटोटाइप का निर्माण किया जाता है फिर उस प्रोटोटाइप पर आधारित अंतिम product का निर्माण किया जाता है।

वॉटरफॉल मॉडल की कमियों की दूर करने के लिए prototype model को विकसित किया गया था।

इस मॉडल का निर्माण तब किया जाता है जब हमें requirements का अच्छी तरह से पता नही होता है।

इस मॉडल की खासियत यह है कि इस मॉडल को दूसरे models के साथ भी प्रयोग में लाया जा सकता है और अकेले भी।

इस मॉडल में एक दिक्कत यह है कि end users अगर prototype मॉडल से संतुष्ट नही है तो दुबारा नया prototype मॉडल बनाया जाता है जिससे इस मॉडल में बहुत पैसा तथा समय लगता है।

prototype model hindi

Phases in prototype model in hindi:-

prototype model में निम्नलिखित फेज होते है:-

1:-Requirement gathering:-prototype मॉडल का सबसे पहला स्टेप requirements को एकत्रित करना होता है, वैसे तो कस्टमर को requirements का कुछ खास पता नही होता लेकिन जो प्रमुख requirements है उनको विस्तार पूर्वक define कर लिया जाता है।

2:-build the initial prototype:-इस फेज में Initial prototype का निर्माण किया जाता है। इसमें कुछ बेसिक requirements को प्रदर्शित किया जाता है तथा यूज़र इंटरफ़ेस उपलब्ध किया जाता है।

3:-review the prototype:-जब प्रोटोटाइप का निर्माण पूरा हो जाता है तो end users या customer को इसे प्रस्तुत किया जाता है और उनसे इस प्रोटोटाइप के बारें में feedback लिया जाता है। इस फीडबैक का प्रयोग सिस्टम को और बेहतर बनाने में किया जाता है और प्रोटोटाइप में जो सम्भव परिवर्तन हो सकें वह किया जाता है।

4:-Revise and improve the prototype:-जब end users तथा customer से फीडबैक लिया जाता है तो फीडबैक के आधार पर प्रोटोटाइप को improve(बेहतर) किया जाता है। अगर कस्टमर प्रोटोटाइप से संतुष्ट नही है तो एक नये प्रोटोटाइप का निर्माण किया जाता है और यह प्रक्रिया तब तक चलती रहती है जब तक कि कस्टमर को अपनी इच्छानुसार प्रोटोटाइप नही मिलता।

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Summary (सारांश)

प्रोटोटाइप मॉडल सॉफ्टवेयर इंजीनियरिंग का एक महत्वपूर्ण विषय है, जिसका उपयोग तब किया जाता है जब ग्राहक को अपनी Software Requirements स्पष्ट रूप से पता नहीं होती हैं। वॉटरफॉल मॉडल की कमियों को दूर करने के लिए इस अप्रोच को विकसित किया गया था, जहाँ फाइनल Product बनाने से पहले उसका एक शुरुआती वर्किंग मॉडल तैयार किया जाता है। इस आर्टिकल में आप सीखेंगे कि कैसे यह SDLC मॉडल सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट की प्रक्रिया को आसान बनाता है। छात्र इस लेख के माध्यम से निम्नलिखित मुख्य बिंदुओं को समझेंगे:

  • Prototype Model क्या है: इसकी परिभाषा और कार्य करने का तरीका।
  • विभिन्न चरण: Requirement Gathering से लेकर Initial Prototype बनाने और Review करने की प्रक्रिया।
  • फायदे और नुकसान: कम समय में यूजर फीडबैक मिलने के लाभ और बार-बार बदलाव से होने वाले लागत खर्च।
  • अन्य मॉडल्स से तुलना: इसे अकेले या किसी अन्य मॉडल के साथ कैसे इस्तेमाल किया जाता है।
कंप्यूटर साइंस और BCA या MCA के छात्रों के लिए Exam Preparation के दृष्टिकोण से यह टॉपिक बहुत स्कोरिंग है। परीक्षा में इस मॉडल के Phases, Advantages और Disadvantages पर अक्सर सवाल पूछे जाते हैं, जिसे इस लेख की मदद से आसानी से तैयार किया जा सकता है।

25 thoughts on “What is Prototype model in hindi?”

    • धन्यवाद aisha.. यह पोस्ट आपके लिए helpful रही है इसकी मुझे ख़ुशी है.

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  1. Yes it is very helpful to understand the topics in hindi for those people who are weak in English.
    And the topics are well described.

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